भारतीय किसान यूनियन (घासी राम नैन) (हरियाणा) विषयः
नरवाना २१ अप्रैल २६*समान अवसर के सिद्धांत के तहत HCS (प्रारंभिक) परीक्षा 2026 को स्थगित करने की मांग
दिनांक: 21 अप्रैल 2026*भारतीय किसान यूनियन (हरियाणा) के प्रदेशाध्यक्ष चौधरी जोगिंदर घासी राम नैन ने आज रेस्ट हाउस में किसानों एवं मजदूरों को संबोधित करते हुए हरियाणा सरकार से हरियाणा सिविल सेवा (HCS) प्रारंभिक परीक्षा 2026 को डेढ़ से दो माह के लिए स्थगित करने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि हरियाणा एक कृषि प्रधान प्रदेश है, जहां गेहूं उत्पादन में राज्य का देश में तीसरा स्थान है। वर्तमान समय (अप्रैल माह) में प्रदेश के किसान परिवार गेहूं की कटाई, मंडियों में बिक्री, तूड़ी निकालने एवं अन्य कृषि कार्यों में पूरी तरह व्यस्त रहते हैं। ऐसे में किसान एवं मजदूर परिवारों के बच्चे, जो HCS जैसी महत्वपूर्ण प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें अपने परिवार के साथ कृषि कार्यों में सहयोग देना पड़ता है।
प्रदेशाध्यक्ष ने बताया कि HCS (प्रारंभिक) परीक्षा की तिथि 26 अप्रैल 2026 निर्धारित की गई है, जो कि कृषि कार्यों के चरम समय से टकरा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जनवरी 2026 में परीक्षा के पाठ्यक्रम में बड़े बदलाव किए गए, जिससे अभ्यर्थियों को नए सिलेबस के अनुसार तैयारी के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाया।
उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा से ठीक पहले के 15-20 दिन, जो रिवीजन के लिए सबसे महत्वपूर्ण होते हैं, उसी समय किसान परिवारों के अभ्यर्थी खेतों में व्यस्त रहने के कारण अपनी तैयारी पर ध्यान नहीं दे पा रहे हैं। यह स्थिति समान अवसर के सिद्धांत के विरुद्ध है और इससे ग्रामीण व किसान पृष्ठभूमि के छात्रों के साथ अन्याय हो रहा है।
भारतीय किसान यूनियन का कहना है कि प्रदेश के लगभग 60-65 प्रतिशत अभ्यर्थी किसान एवं मजदूर वर्ग से आते हैं। ऐसे में इस समय परीक्षा आयोजित करना सामाजिक न्याय, समान अवसर एवं निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा की भावना के विपरीत है। चौधरी नैन ने सरकार से आग्रह किया कि किसानों और मजदूरों के बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए HCS (प्रारंभिक) परीक्षा को कम से कम डेढ़ से दो महीने के लिए स्थगित किया जाए, ताकि सभी अभ्यर्थियों को समान एवं निष्पक्ष अवसर मिल सके। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कहा कि यदि सरकार इस मांग पर गंभीरता से विचार नहीं करती है, तो किसान संगठनों को आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
भारतीय किसान यूनियन (नैन) (हरियाणा)

More Stories
भागलपुर23अगस्त26*श्रावणी मेला 2026 : धांधी बेलारी महा शिविर में शिव भक्ति के रंग में रंगे श्रद्धालु,
रायबरेली23अगस्त26*रायबरेली को 879 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं की सौगात देंगे मुख्यमंत्री*
पूर्णिया23अगस्त26*कसबा में पहली बार महिला आयोग का ऐतिहासिक जनता दरबार