मिर्जापुर से बसन्त कुमार गुप्ता की रिपोर्ट यूपी आजतक
मिर्जापुर4जुलाई24*डॉ ए0के0 सिन्हा से विभाग के लोगों ने किया मारपीट*
*सीएमओ आफिस का एक कर्मचारी व एक पूर्व एसआईसी है शामिल*
*भ्रष्टाचार के आरोप में हटाये गये है दोनो कर्मचारी*
सीएमओ के कर्मचारी आफिस टाइम में कहा है उनको खुद पता नही. मनीष दुबे
काग्रेस पार्टी की ओर से जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन
मिर्जापुर। मंडलीय चिकित्सालय में साफ सुथरे छवि के डा0 ए0के0 सिन्हा के अधीक्षक बनाये जाने के बाद तरह.तरह के सुधार हर रोज दिखने को मिल रहा है लेकिन कुछ डॉक्टरो द्वारा फैले हुए रैकेट को यह अच्छा नही लग रहा है। बुधवार को सायं 3.45 बजे मेडिकल कालेज के परिसर में डॉक्टर ए0के0 सिन्हा के उपर अचानक विभाग के दो कर्मचारी ने अचानक हमला कर मारपीट करने लगे । कालेज के कर्मचारियो के द्वारा मामला शान्त कराया गया लेकिन सीनियर डॉक्टर ए0के0 सिन्हा ने मामले के सम्बन्ध में एक तहरीर देकर अपनी सुरक्षा की मांग की लेकिन पुलिस द्वारा गुरूवार को भी मुकदमा पंजीकृत नही गया और मामले की लीपापोती करने में लग गये और कहा कि जांच करने के बाद ही मुकदमा पंजीकृत किया जायेगा।
काग्रेस पार्टी के महासचिव ने जिलाधिकारी को ज्ञापन देने के बाद प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि यह निन्दनीय कार्य है जिस पर पुलिस को तत्काल मुकदमा पंजीकृत कर जेल भेजने का कार्य करना चाहिए। इस तरह के कार्य से अब जिले के मरीजों में एक भय व्याप्त हो गया है और वे अब चिकित्सालय आने से भागने लगेगे एक तरफ सरकार जहां मरीजों के उपचार के लिए हर जमीनी स्तर पर पहुंचाने का कार्य कर रही है वही विभाग के डॉक्टरो की स्थिति यह है कि कुर्सी के लिए मारपीट कर रहे है जबकि उनको अपनी जिम्मेदारियों को निभाना चाहिए एक पूर्व एसआईसी डॉक्टर तरूण सिंह है तो दूसरो सीएमओं आफिस में कार्यरत कर्मचारी अनुज ठाकुर है इनको पूर्व में शासन द्वारा हटाने का कार्य किया गया है सीएमओ आफिस का कर्मचारी आफिस टाइम में क्या कर रही है इसकी जानकारी स्वत सीएमओ को भी नही है इससे यह पता चल रहा है कि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी कितने जिम्मेदार है।

More Stories
हरदोई2जुलाई26*सर्राफा व्यापारी लूटकांड का खुलासा, 25-25 हजार के दो इनामी बदमाश गिरफ्तार,
उन्नाव2जुलाई26*धूम धाम से मनाया गया सदगुरु कबीर साहेब का 628 वाँ प्रगट दिवस समारोह
नई दिल्ली2जुलाई26*मोदी का ‘मिशन 360’: सत्ता के सुपर बहुमत की राजनीति या लोकतंत्र का नया अध्याय?