रोहतास11जून26*ग्रैंड कॉर्ड खंड में सिग्नलिंग आधुनिकीकरण की बड़ी उपलब्धि, मुठानी स्टेशन पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग एवं भभुआ रोड–कुदरा खंड में ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलिंग शुरू*
डेहरी/रोहतास से संवाददाता मोहम्मद इमरानअली की रिपोर्ट यूपीआजतक✍🏻
रूट क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि के साथ संरक्षा एवं परिचालन दक्षता को मिलेगा बल
आधुनिक तकनीक से ट्रेनों का संचालन होगा अधिक सुरक्षित एवं सुगम
दिनांक : 11.06.2026
पंडित दीन दयाल उपाध्याय मंडल के व्यस्त ग्रैंड कॉर्ड रेलखंड में संरक्षा एवं परिचालन क्षमता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए दिनांक 11 जून 2026 को मुठानी स्टेशन पर अत्याधुनिक सेंट्रलाइज्ड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली तथा भभुआ रोड–कुदरा खंड में ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलिंग प्रणाली का सफलतापूर्वक कमीशनिंग किया गया। यह व्यवस्था 11 जून 2026 को अपराह्न 14:00 बजे से प्रभावी हो गई।
मुठानी स्टेशन पर सेंट्रलाइज्ड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली स्थापित की गई है। इस उन्नयन के फलस्वरूप स्टेशन की रूट 35 से बढ़कर 82 हो गई है, जिससे ट्रेनों के संचालन में अधिक लचीलापन एवं दक्षता प्राप्त होगी। यह नई प्रणाली वर्ष 2001 में स्थापित पैनल इंटरलॉकिंग व्यवस्था का स्थान लेती है। इसके साथ ही पारंपरिक ट्रैक सर्किटों के स्थान पर मल्टी सेक्शन डिजिटल एक्सल काउंटर सहित अन्य आधुनिक सिग्नलिंग उपकरण भी कमीशन किए गए हैं, जिससे रेल परिचालन की विश्वसनीयता एवं संरक्षा में और वृद्धि होगी।
इसी क्रम में भभुआ रोड–मुठानी–पुसौली–कुदरा रेलखंड में लगभग 22.23 रूट किलोमीटर क्षेत्र में ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलिंग प्रणाली प्रारंभ की गई है। इसी कार्य के अंतर्गत 05 ऑटोमैटिक रिले हट (आरएच-53, आरएच-54, आरएच-56, आरएच-57 एवं आरएच-1) तथा 73 ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलों को भी कमीशन किया गया। इस समग्र प्रणाली के माध्यम से एक ही दिशा में चलने वाली ट्रेनों के बीच सुरक्षित अंतर सुनिश्चित करते हुए रेलखंड की परिचालन क्षमता बढ़ाई जा सकेगी, जिससे ट्रेनों का संचालन अधिक सुचारु एवं सुरक्षित होगा।
उक्त कार्य को चरणबद्ध तरीके से संपन्न किया गया। प्रारंभिक तैयारियों हेतु दो दिनों तक प्रतिदिन 180 मिनट के ट्रैफिक ब्लॉक लिए गए, जबकि अंतिम कमीशनिंग के लिए 135 मिनट का व्हील-फ्री ट्रैफिक ब्लॉक प्रदान किया गया।
इस उपलब्धि के उपरांत डीडीयू मंडल के ग्रैंड कॉर्ड खंड में फ्लाई ओवर केबिन, डीडीयू जंक्शन से कुदरा तथा सासाराम से रफीगंज तक ऑटोमैटिक ब्लॉक सिग्नलिंग प्रणाली संचालित हो रही है। ग्रैंड कॉर्ड जैसे अत्यंत व्यस्त रेलखंड में यह आधुनिकीकरण संरक्षा सुदृढ़ीकरण, परिचालन दक्षता में वृद्धि तथा भविष्य की यातायात आवश्यकताओं की पूर्ति की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
मंडल रेल प्रबंधक श्री उदय सिंह मीना के मार्गदर्शन एवं विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयासों से यह महत्वपूर्ण कार्य सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। भारतीय रेल आधुनिक तकनीकों के माध्यम से सुरक्षित, विश्वसनीय एवं समयबद्ध रेल सेवाएं उपलब्ध कराने हेतु निरंतर प्रयासरत है।
More Stories
सीतापुर 30 अक्टूबर 26**चूहें खा गये गरीब का एक लाख रुपया**गरीब परिवार का 5 साल का सपना चूहों ने पल भर में बर्बाद कर दिया*
जम्मू कश्मीर 30 अक्टूबर 26*कश्मीर और लद्दाख के ऊंचाई वाले इलाकों में अक्टूबर महीने में ही बर्फबारी का दौर शुरू हो गया
कानपुर नगर 30 अक्टूबर 26*लेदर उद्योग को मिलेगी नई उड़ान! मोतीझील में 7वें लेदर मेले का आगाज,