January 14, 2026

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इटावा16अप्रैल*जसवन्तनगर में निकाली गई अंबेडकर शोभा यात्रा, झाकियां रही आकर्षण का केंद्र

इटावा16अप्रैल*जसवन्तनगर में निकाली गई अंबेडकर शोभा यात्रा, झाकियां रही आकर्षण का केंद्र

इटावा16अप्रैल*जसवन्तनगर में निकाली गई अंबेडकर शोभा यात्रा, झाकियां रही आकर्षण का केंद्र

भंते सुमित वर्धन ने झंडा दिखाकर शोभा यात्रा को रवाना किया

इटावा । जसवन्तनगर में एससी ग्रुप के तत्वाधान में डॉ भीमराव अंबेडकर शोभा यात्रा निकाली गई। यह शोभा यात्रा कस्बे में जगह जगह घूमी। ढोल नगाड़े के बीच यात्रा में मौजूद झांकी आकर्षण का केंद्र रही। यात्रा का क़स्बे में जगह जगह पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया।

शोभायात्रा को भन्ते सुमित वर्धन ने झण्डी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ने भारतीय संविधान की संरचना की जिसमें उन्होंने सबके हितों का ख्याल रखा। बाबा साहब समतामूलक समाज के प्रबल पक्षधर थे । वह जाति विहीन समाज की स्थापना करना चाहते थे ।

उन्होंने कहा कि अंबेडकर ने कहा था कि जहां सहनशीलता की सीमाएं समाप्त होती हैं वहां क्रांति जन्म लेती है । आज जान बूझकर भारतीय संविधान का निरादर दलित शोषित एवं पिछड़े वर्ग को अपना गुलाम बनाए रखने के लिए यथास्थिति व्यवस्था के पोषकों द्वारा किया जा रहा है ।

एससी ग्रुप के संस्थापक मोहित जाटव ने कहा यह समय सोने का नहीं है बल्कि डॉक्टर भीमराव अंबेडकर द्वारा निर्मित संविधान को बचाने का है । उन्होंने कहा कि डॉ अंबेडकर ने कहा था कि शिक्षा शेरनी का वो दूध है जो इसे पियेगा वही दहाडेगा हम भूखे प्यासे रह लें , लेकिन हमें अपने बच्चों को उच्च शिक्षा दिलाने से पीछे नहीं रहना चाहिए। शोभायात्रा में भीमराव के जीवन और उनसे जुड़ी झांकियां आकर्षण का केंद्र रही सैकड़ों लोगों की मौजूदगी में झांकी निकाली गई जगह-जगह झांकी पर पुष्प वर्षा की गई ढोल नगाड़े बैंड बाजों के साथ झांकी पूरे कस्बे में घूमी।

इस अवसर पर डॉ० पन्ना लाल खोडे, शीलू दोहरे, जितेंद्र बौद्ध, शोभा यात्रा कोठी कैस्त बुद्ध विहार से शुरू होकर बाजार घूमते हुए रेलमंडी होती हुए वापसी रामलीला रोड होते है कोठी कैस्त पर समाप्त हुई। शोभा यात्रा में अशोक सरदार, सुनील दत्त, प्रेम सिंह, राजा जाटव, सरदार हेत सिंह, नागेंद्र जाटव, विजय सिंह राणा, अनुराज सिंह, वीरबल जाटव, रविंद्र सिंह, अनिल चौधरी, रतन बौद्ध, लकी, आरपी सिंह, दिलीप पेंटर, आदि मौजूद रहे।