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अयोध्या5अक्टूबर25*अधिवक्ता भाई बृजेश सिंह बोले- झूठे आरोपों की साजिश, सत्य सामने लाने को तैयार हूं*
अयोध्या।
अधिवक्ता आलोक सिंह पर जानलेवा हमले के बाद अब उनके खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों को लेकर उन्होंने चुप्पी तोड़ी है। आलोक सिंह के भाई बृजेश सिंह ने व्यापारी अनूप गुप्ता के सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा
यह सब मेरे भाई के खिलाफ रची गई सुनियोजित साजिश है।
*किसी प्रॉपर्टी विवाद से नहीं है मेरे भाई का कोई संबंध*
बृजेश सिंह ने साफ कहा की मेरे भाई का किसी प्रॉपर्टी, वसूली या कब्ज़े से जुड़ा कोई विवाद नहीं है।
मेरे खिलाफ चलाया जा रहा प्रॉपर्टी विवाद का नैरेटिव पूरी तरह झूठा है।
उन्होंने बताया कि वाद संख्या 493/12 हरिशंकर सिंह बनाम महर्षि रामायण विद्यापीठ ट्रस्ट में
वे केवल अपने पिता की मृत्यु के बाद उत्तराधिकारी के रूप में वादी हैं।
कहा – *मुझे वादी के रूप में कानूनी प्रक्रिया निभाने के लिए घसीटा जा रहा है, जबकि मैं न वादी हूं, न प्रतिवादी, न गवाह -केवल अधिवक्ता और रिश्तेदार के तौर पर पैरवी कर रहा हूं।*
*पुलिस जांच में मेरे भाई के खिलाफ कुछ नहीं मिला* बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि *अनूप गुप्ता की शिकायत पर 23 मार्च 2024 को एसएसपी के आदेश पर जांच कराई गई थी।*
जांच अधिकारी *ट्रेनी आईपीएस अरुण कुमार* ने CDR और बयान दर्ज करने के बाद शिकायत को पूरी तरह खारिज कर दिया था।
उन्होंने कहा पुलिस जांच में साफ कहा गया कि मेरे भाई के खिलाफ कोई प्रमाण नहीं है। *यदि मैं गलत हूं तो सबूत पेश किए जाएं। झूठे आरोप लगाने वालों पर मानहानि का दावा करूंगा।*
*419, 420, 467, 468 के सभी आरोप निराधार*
बृजेश कुमार सिंह ने कहा मेरे खिलाफ 419, 420, 467, 468 जैसी धाराओं में जो बातें फैलाई जा रही हैं, वो गलत हैं। *पुलिस जांच के बाद इन मामलों में फाइनल रिपोर्ट दाखिल की जा चुकी है।*
*स्टांप और डिमांड ड्राफ्ट पूरी तरह वैध*
उन्होंने 10 रुपये के स्टांप और बैकडेट डीड के आरोपों को भी झूठ बताया। कहा सभी दस्तावेज वैध हैं। 100 रुपये के स्टांप पर तैयार किए गए और 11 हजार रुपये का डिमांड ड्राफ्ट दिसंबर 2003 में SBI नयाघाट से जारी किया गया था।
बैकडेट की बात निराधार है- बैंक से पैसा बैकडेट में नहीं निकल सकता।
*मेरे भाई पर लगाए जा रहे आरोप पूरी तरह मनगढ़ंत*
बृजेश कुमार सिंह बोले मेरा किसी व्यापारी से कोई आर्थिक विवाद नहीं है। अगर मैंने किसी की जमीन कब्जाई है या धन उगाही की है, तो उसका साक्ष्य दिया जाए। सच्चाई यह है कि *कुछ लोग पुलिस जांच में फेल होने के बाद अब मीडिया ट्रायल चला रहे हैं।*
उन्होंने कहा मैं कानून में आस्था रखता हूं और हर जांच में सहयोग दूंगा। लेकिन जो लोग मेरे भाई के नाम पर झूठ फैला रहे हैं, उन्हें जनता अब पहचान चुकी है।

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