April 4, 2026

UPAAJTAK

TEZ KHABAR, AAP KI KHABAR

नई दिल्ली ३ अप्रैल २६ * यूपीआजतक न्यूज चैनल पर दोपहर शाम की देश राज्यों से बड़ी खबरें

कानपुर नगर 3 अप्रैल 26*”फार्मर रजिस्ट्री” नहीं करा पाने वालों को एक और मौका, कानपुर में 6 अप्रैल से बड़ा अभियान

कानपुर नगर 3 अप्रैल 26*”फार्मर रजिस्ट्री” नहीं करा पाने वालों को एक और मौका, कानपुर में 6 अप्रैल से बड़ा अभियान

कानपुर नगर *– 29% किसानों के पास अभी भी नहीं है अपनी ‘किसान आईडी’, योगी सरकार ने शुरू किया महाअभियान
• सरकारी योजनाओं का लाभ पाने के लिए ‘किसान आईडी’ अनिवार्य, बिना इसके नहीं बिकेगा सरकारी केंद्रों पर अनाज
• कानपुर में 6 अप्रैल से शुरू होगा विशेष कैंप, पंचायत सहायक और लेखपाल गांव-गांव जाकर बनाएंगे रजिस्ट्री
• जिले के 1.73 लाख किसानों का पंजीकरण पूरा, बाकी बचे किसान 31 मई तक हर हाल में करा लें रजिस्ट्रेशन

कानपुर, 3 अप्रैल।
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार किसानों को बिचौलियों से बचाने और सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे उनके बैंक खातों तक पहुँचाने के लिए ‘फार्मर रजिस्ट्री’ (किसान आईडी) अभियान को अब और तेज़ करने जा रही है। कानपुर जिले में अभी भी लगभग 29 प्रतिशत किसान ऐसे हैं जिन्होंने अपनी रजिस्ट्री नहीं कराई है। इन किसानों को जागरूक करने और मौके पर ही पंजीकरण करने के लिए 6 अप्रैल से 31 मई तक एक वृहद अभियान चलाया जाएगा।

क्या है फार्मर रजिस्ट्री और क्यों है जरूरी?
जैसे हर नागरिक के पास ‘आधार कार्ड’ होता है, वैसे ही हर किसान के लिए ‘किसान आईडी’ तैयार की जा रही है। इसे ‘फार्मर रजिस्ट्री’ कहा जाता है। इसमें किसान का नाम, उसके खेत का खसरा-खतौनी नंबर और आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर दर्ज होता है।

ये भी जानें
– पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, कृषि सब्सिडी और केसीसी का पैसा सीधे खाते में आएगा।
– बिचौलियों का खेल खत्म होगा और किसानों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
– बिना फार्मर रजिस्ट्री के अब किसान सरकारी केंद्रों पर अपना अनाज नहीं बेच पाएंगे।

29 परसेंट बचे किसानों के लिए अभियान
कानपुर जनपद में कुल 2,41,877 किसान पीएम किसान योजना के लाभार्थी हैं। इनमें से अब तक 1,73,580 किसानों की फार्मर रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है, जो कुल लक्ष्य का लगभग 71.76% है। बाकी बचे हुए किसानों के लिए सरकार ने विशेष टीमें गठित की हैं। इस टीम में पंचायत सहायक, लेखपाल और कृषि विभाग के प्राविधिक सहायक (ग्रुप-सी) शामिल रहेंगे, जो गांव-गांव जाकर कैंप लगाएंगे।

पंजीकरण के लिए क्या करें?
किसान अपने पास आधार कार्ड, आधार से लिंक मोबाइल नंबर और अपनी खतौनी की नकल तैयार रखें। पंजीकरण सरकारी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन, नजदीकी जन सेवा केंद्र या गांव में लगने वाले विशेष कैंप में जाकर कृषि विभाग के कर्मचारियों की मदद से कराया जा सकता है।

“जिले में 6 अप्रैल से विशेष कैंप लगाकर छूटे हुए किसानों की फार्मर रजिस्ट्री की जाएगी। 31 मई तक चलने वाले इस अभियान का उद्देश्य हर पात्र किसान को डिजिटल डेटाबेस से जोड़ना है। किसान भाई जल्द से जल्द अपनी आईडी बनवा लें, ताकि उन्हें सरकारी खरीद और अन्य योजनाओं का लाभ लेने में कोई असुविधा न हो।”
— आर.पी. कुशवाहा, भूमि संरक्षण अधिकारी, कानपुर

किसान आईडी (फार्मर रजिस्ट्री) को शत-प्रतिशत पूरा करना प्रशासन की प्राथमिकता है। पंजीकरण से वंचित किसानों के लिए 6 अप्रैल से विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पंचायत सहायक, लेखपाल और कृषि विभाग की टीमें गांव-गांव जाकर मौके पर ही पंजीकरण करेंगी। सभी किसान 31 मई तक अपनी किसान आईडी अवश्य बनवा लें, जिससे सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में कोई परेशानी न हो।

— जितेंद्र प्रताप सिंह, जिलाधिकारी, कानपुर नगर

Taza Khabar