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Breking बांदा 06 मार्च* यूपी आजतक से ख़ास खबरें

[3/6, 6:11 PM] Madan Gupta Banda: बांदा में बासू मिठाई और कन्हैया स्वीट हाउस पर पड़ा छापा, जांच के लिए मिठाइयों के सैंपुल लिए

, बांदा : होली की तैयारियां शुरू हो गई हैं। मिठाइयों के शौकीनों को सावधान होने जरूरत है, क्यों कि मिलावटी मिठाई की बिक्री भी तेज हो गई है। जरूरी नहीं कि बड़ी दुकान के पकवान शुद्ध हों । ऐसे में सोच-समझकर मिठाई लेने की जरूरत है। बहरहाल, जिलाधिकारी आनंद कुमार सिंह के निर्देशों पर जिले के खाद्य विभाग ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है। आज शनिवार को खाद्य विभाग की टीम ने पुराने कचहरी रेलवे क्रासिंग के पास स्थित बासू मिठाई की दुकान पर छापा मारा।

वहां कई मिठाइयों के सैंपुल भरे। अधिकारियों का कहना है कि इनको जांच के लिए भेजा जाएगा। उधर, मिठाई की दुकान पर छापे की कार्रवाई से हड़कंप मचा रहा। दुकान के ग्राहक बाहर निकल गए। वही सिटी मजिस्ट्रेट ने मिठाई दुकानदारों को चेतावनी दी है कि बासी और मिलावटी मिठाई की बिक्री कतई न करें। वरना सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि होली आने वाली है। मिठाइयों की बिक्री बढ़ रही है, इसलिए मिठाई और दूसरे खाद्य पदार्थों की दुकानों पर छापे मारे जा रहे हैं।

यूपी आज तक बांदा ब्यूरो मदन गुप्ता की रिपोर्ट
[3/6, 6:18 PM] Madan Gupta Banda: न कोई FIR, न खनिज के दोषी अफसरों पर कार्रवाई, 10-10 लाख में सब माफ.!

बांदा से : पैलानी खदान पर नियम विरुद्ध खनन की भेंट चढ़े 3 मजदूरों की मौत के मामले के बाद भड़के ग्रामीणों के आक्रोश का मामला रातभर चलता रहा। तड़के सुबह करीब 3 बजे तीनों मजदूरों को खदान संचालक ने 10-10 लाख रुपए का मुआवजा देने पर हामी भरी, तब जाकर अधिकारी मामला सुलटा पाए। इस बात की जानकारी अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र चौहान ने दी। उन्होंने बताया कि शवों का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, अबतक न तो खदान संचालक के खिलाफ कोई एफआईआर दर्ज की गई है और न ही खनिज विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई हुई है।

न खदान संचालक पर मुकदमा, न विभाग पर कार्रवाई
इतना तो तय है कि इस घटना से साबित हो गया कि खदानों पर खनिज विभाग की मिलीभगत से नियम विरुद्ध खनन या कहिए अवैध खनन जारी है। अगर ऐसा न होता तो यह अनहोनी नहीं होती। चौंकाने वाली बात यह है कि खनिज विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई है। कहा जा रहा है कि पीड़ित परिवार ने थाने पर लिखकर दे दिया है कि उनको किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करनी।

उधर, तीन-तीन मौतों से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। एएसपी चौहान का कहना है कि शवों का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है, इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पैलानी खदान पर हुई थी 3 मजदूरों की मौत की घटना
बताते चलें कि पैलानी खदान पर बीती देर शाम नियम विरुद्ध गड्ढा करके खनन कराया जा रहा था। इस दौरान करीब 15 फिट का गड्डे का टीला ढह गया। इससे वहां काम कर रहे 3 मजदूर दब गए और उनकी मौत हो गई।

घटना के बाद सैकड़ों की संख्या में आसपास के ग्रामीण और मृतकों के परिजन वहां पहुंचे। भीड़ ने खदान पर बने कार्यालय में तोड़फोड़ की। बाद में तीनों शवों को भरुआ मार्ग पर लाकर जाम लगा दिया। सूचना पाकर जिला मुख्यालय से एएसपी, एडीएम समेत बाकी अधिकारी पहुंचे।
लोगों को समझाने का प्रयास किया। परिजन 2 करोड़ मुआवजे की मांग कर रहे थे। खदान संचालक इसपर राजी नहीं हुए। रातभर हंगामा चलता रहा। तड़के सुबह करीब 3 बजे खदान संचालक ने 10-10 लाख रुपए देने पर हामी भरी। पीड़ित परिजन भी राजी हो गए। तब जाकर मामला सुलटा।

यूपी आज तक बांदा ब्यूरो मदन गुप्ता की रिपोर्ट

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