August 5, 2021

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20 जुलाई *खौफ या बदलाव : मेरठ में कप्तान के तेवर देख मठाधीश थानेदारों ने छोड़ी कुर्सी,थानों में तेज हुई शिकायतों की सुनवाई

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खौफ या बदलाव : मेरठ में कप्तान के तेवर देख मठाधीश थानेदारों ने छोड़ी कुर्सी,थानों में तेज हुई शिकायतों की सुनवाई

एसएसपी मेरठ प्रभाकर चौधरी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ हल्ला क्या बोला कि एक महीने में मेरठ की पुलिसिंग बदलती नजर आ रही है। कप्तान के तेवर देखकर वर्षों से जमे थानेदार खुद कुर्सी छोड़कर जा रहे हैं। सवाल है कि क्या इंस्पेक्टरों को ईमानदारी से थाना चलाना स्वीकार नहीं है। पुलिस अधिकारियों ने क्राइम ब्रांच या अन्य विभाग में तैनात दरोगा और इंस्पेक्टरों की सूची मांगी है, जिन्हें थानों की कमान देने की तैयारी चल रही है।

एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने भ्रष्टाचार पर लगाम और धरातल पर पुलिसिंग करने पर जोर दिया है। पीली और लाल पर्ची शिकायत पत्र की जांच के साथ भेजकर एक सप्ताह में निस्तारण के निर्देश दिए हैं। थानों के बाहर रिश्वत लेने वालों की सूचना देने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी कर दिया है।

कप्तान के तेवर देखकर थानों का माहौल बदलता दिख रहा है। कुछ थानेदारों को यह रास नहीं आ रहा। सालों से थानों में थानेदार खुद ही कुर्सी छोड़कर जा रहे हैं। कुछ थानेदारों का कई माह पहले ही दूसरे जनपद में स्थानांतरण हो गया था, लेकिन कुर्सी का मोह और अपने-अपने आकाओं के चलते वह थानों में जमे थे। इसको लेकर पुलिस महकमे में अलग-अलग चर्चाएं हैं।
थानों में हो रही सुनवाई
एसएसपी ऑफिस में रोजाना करीब 300 से 400 शिकायतें रोजाना आ रही हैं। शिकायत सुनने वाले एसपी क्राइम राम अर्ज का कहना है कि इक्का-दुक्का लोगों को छोड़कर कोई यह बात नहीं कहता है कि थानों में सुनवाई नहीं हो रही। कई शिकायतकर्ता तो सीधे ही एसएसपी ऑफिस में आ रहे हैं। एसएसपी द्वारा पीली और लाल पर्ची का रिजल्ट भी थानों में देखने को मिल रहा है। फरियादियों की शिकायत पर तुरंत निस्तारण हो रहा है।

ये हुए मेरठ से रिलीव

इंस्पेक्टर कोतवाली आशुतोष कुमार, इंस्पेक्टर लिसाड़ी गेट प्रशांत कपिल, एसओ मुंडाली रवि चंद्रवाल, एसएसपी पीआरओ दिनेश चंद, सर्विलांस प्रभारी मनोज दीक्षित सहित कई पुलिस वाले मेरठ से रिलीव हो गए। वहीं, इंस्पेक्टर ब्रह्मपुरी सुभाष अत्री समेत कई दरोगा और इंस्पेक्टर का ट्रांसफर हो चुका है। हालांकि कई दरोगा और इंस्पेक्टर के ट्रांसफर पहले हो चुके थे, लेकिन वह अधिकारियों के बार बार नोटिस भेजने के बाद भी रिलीव नहीं हो रहे थे।

भ्रष्टाचार नहीं होगा, ईमानदारी से काम कराया जाएगा। जो थानेदार रिलीव करके गए है, उन थानों में जल्द ही थानेदारों की नियुक्ति होगी। अंडर ट्रांसफर दरोगा या इंस्पेक्टर को तुरंत रिलीव किया जा रहा है। इंस्पेक्टर जिले में बहुत है, बेहतर पुलिसिंग होगी -प्रभाकर चौधरी, एसएसपी मेरठ

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